
राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (आर.के.वी.वाई.) के तहत आयोजित हुआ कार्यक्रम
मृदा परीक्षण और संतुलित उर्वरक उपयोग पर दी गई महत्वपूर्ण जानकारी
चंदौली, 13 नवम्बर 2025।
राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (आर.के.वी.वाई.) के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 हेतु एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन कृषि विज्ञान केंद्र, बिछियां कला (चंदौली) में किया गया।
कार्यक्रम में उप कृषि निदेशक, जिला कृषि अधिकारी, जिला कृषि रक्षा अधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी, सहायक निदेशक (मृदा परीक्षण/कल्चर) वाराणसी, कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिकगण एवं कृषि विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ सहायक निदेशक (मृदा परीक्षण/कल्चर) वाराणसी श्री राजेश कुमार राय द्वारा किया गया।
उन्होंने क्षेत्र से मृदा नमूना एकत्रीकरण की विधि, प्रयोगशाला में मृदा परीक्षण की प्रक्रिया तथा मृदा स्वास्थ्य कार्ड के आधार पर मुख्य एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों की उपलब्धता और संतुलित उर्वरक उपयोग के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
🔹 मृदा स्वास्थ्य कार्ड का महत्व बताया गया
जिला कृषि अधिकारी, चंदौली ने किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड की महत्वपूर्ण भूमिका और उपयोगिता के बारे में बताया।
वहीं, उप कृषि निदेशक, चंदौली ने कहा कि मृदा परीक्षण और मृदा स्वास्थ्य कार्ड, कृषि की उत्पादकता और मृदा की स्थिरता के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिया कि किसानों को “स्वस्थ घरा, खेत हरा” के सिद्धांत पर संतुलित उर्वरकों के प्रयोग हेतु प्रेरित किया जाए।
🔹 ऑनलाइन मृदा नमूना संग्रह की जानकारी दी गई
मृदा परीक्षण प्रयोगशाला, चंदौली के अध्यक्ष ने SHC ऐप के माध्यम से ऑनलाइन मृदा नमूना एकत्रीकरण की प्रक्रिया को विस्तार से समझाया।
केवीके वैज्ञानिक श्री चंदन सिंह ने पौधों के लिए आवश्यक मुख्य एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों के महत्व पर प्रकाश डाला।
🔹 कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ
प्रशिक्षण के अंत में सहायक निदेशक (मृदा परीक्षण/कल्चर) वाराणसी श्री राजेश कुमार राय ने उपस्थित समस्त अधिकारियों और कर्मचारियों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कार्यक्रम की समाप्ति की घोषणा की।
रिपोर्ट : संवाददाता, न्यूज राइटर
स्थान : कृषि विज्ञान केंद्र, बिछियां कला, जनपद चंदौली



