
चंदौली,
किसानों की फसलों को कीट एवं रोगों से बचाने के लिए कृषि विभाग ने ‘सहभागी फसल निगरानी एवं निदान प्रणाली’ नामक हाईटेक सुविधा शुरू की है। अब किसान घर बैठे मोबाइल के जरिए अपनी फसल की समस्या का समाधान प्राप्त कर सकेंगे। यह जानकारी जिला कृषि अधिकारी विनोद कुमार यादव ने दी।
उन्होंने बताया कि फसलों में कीट, रोग, खरपतवार एवं भंडारण संबंधी समस्याओं से किसानों को औसतन 15 से 20 प्रतिशत तक नुकसान उठाना पड़ता है। नई व्यवस्था के तहत किसान अपनी समस्या की फोटो और पूरी जानकारी व्हाट्सएप नंबर 9452247111 या 9452257111 पर भेज सकते हैं। विभाग द्वारा 24 से 48 घंटे के भीतर मैसेज के माध्यम से वैज्ञानिक समाधान उपलब्ध कराया जाएगा।
किसानों को संदेश भेजते समय अपना नाम, मोबाइल नंबर और पूरा पता अनिवार्य रूप से दर्ज करना होगा। साथ ही समस्या से संबंधित स्पष्ट फोटो और संक्षिप्त विवरण भी देना आवश्यक है, ताकि सटीक सलाह दी जा सके।
व्हाट्सएप के अतिरिक्त किसान upagriculture.com वेबसाइट पर उपलब्ध ‘सहभागी फसल निगरानी एवं निदान प्रणाली’ पोर्टल के माध्यम से भी अपनी शिकायत दर्ज कर समाधान प्राप्त कर सकते हैं।
कृषि विभाग की इस पहल से किसानों को त्वरित तकनीकी सलाह मिलेगी और फसलों के नुकसान में कमी आने की उम्मीद है।



